30 जून 2026 का मौसम: उत्तर भारत में भीषण लू का अलर्ट, जानें दिल्ली-मुंबई समेत देशभर में मानसून का हाल
भारत में इन दिनों मौसम का मिजाज दोहरे रूप में देखने को मिल रहा है। एक तरफ जहां दक्षिण-पश्चिम मानसून (Southwest Monsoon) ने कई राज्यों में अपनी मजबूत पकड़ बना ली है, वहीं दूसरी तरफ उत्तर भारत के कई हिस्से अब भी भीषण गर्मी और लू (Heatwave) की चपेट में हैं। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के नवीनतम पूर्वानुमान के अनुसार, 30 जून 2026 को देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम की स्थिति काफी भिन्न रहने वाली है। पूर्वोत्तर राज्यों और पश्चिमी तटों पर भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है, जबकि दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत में लोगों को चिलचिलाती धूप का सामना करना पड़ेगा। आइए, विस्तार से जानते हैं कि आज देश भर में मौसम का हाल कैसा रहेगा।
उत्तर भारत: लू का प्रकोप और हल्की राहत की उम्मीद
उत्तर भारत के राज्यों में फिलहाल गर्मी से पूरी तरह राहत मिलने के आसार नहीं हैं।
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दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और इसके आस-पास के क्षेत्रों में 30 जून को लू (Heatwave) चलने की प्रबल संभावना है। दिन का अधिकतम तापमान 38 से 40 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 28-30 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया जाएगा। हालांकि, आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहने की उम्मीद है और दोपहर या शाम के समय तेज हवाओं (40-60 किमी/घंटा) के साथ हल्की बूंदाबांदी या गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं, जिससे उमस और अधिक बढ़ सकती है।
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उत्तर प्रदेश: यूपी के पूर्वी हिस्सों में लू का असर साफ देखने को मिलेगा। वहीं, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, लेकिन उमस भरी गर्मी लोगों को दिनभर परेशान करती रहेगी।
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राजस्थान और पंजाब: इन राज्यों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क और बेहद गर्म रहेगा। कुछ स्थानों पर धूल भरी आंधी चलने और हल्की बारिश होने के आसार हैं। यहां तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार बने रहने की पूरी संभावना है।
पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत: मूसलाधार बारिश और बाढ़ का अलर्ट
पूर्वोत्तर भारत में मानसून अपने चरम पर है और यहां मौसम विभाग ने भारी बारिश को लेकर गंभीर चेतावनी (Red/Orange Alert) जारी की है।
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असम, मेघालय और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल: इन क्षेत्रों और सिक्किम में भारी से बहुत भारी बारिश (7 से 20 सेंटीमीटर तक) होने का पूर्वानुमान है। लगातार मूसलाधार बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव, भयानक बाढ़ और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन (Landslide) का खतरा काफी बढ़ गया है। इन इलाकों में तेज हवाओं के साथ बिजली गिरने की भी आशंका है।
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पश्चिम बंगाल (कोलकाता) और ओडिशा: इन राज्यों में आसमान में बादल छाए रहेंगे और गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। अधिकतम तापमान 35 से 38 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है, जिससे मौसम थोड़ा चिपचिपा रहेगा।
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बिहार और झारखंड: इन दोनों राज्यों में मौसम मिला-जुला रहेगा। कुछ स्थानों पर मध्यम से भारी बारिश हो सकती है, जो खरीफ फसलों की बुवाई के लिए किसानों को बड़ी राहत देगी।
पश्चिमी भारत: कोंकण और मुंबई में मानसून मेहरबान
महाराष्ट्र और आसपास के तटीय इलाकों में मानसूनी हवाएं काफी सक्रिय रूप से आगे बढ़ रही हैं।
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महाराष्ट्र और गोवा: कोंकण, गोवा और मध्य महाराष्ट्र के क्षेत्रों में 30 जून को भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। आर्थिक राजधानी मुंबई और इसके उपनगरों में मानसून पूरी तरह से सक्रिय है, जिसके चलते तेज बारिश और आंधी का अलर्ट जारी किया गया है। स्थानीय लोगों को निचले इलाकों में जलभराव से सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
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गुजरात: गुजरात के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, लेकिन पूरे राज्य में मौसम कुल मिलाकर मिश्रित ही रहेगा।
दक्षिण भारत: तटीय इलाकों में झमाझम बारिश
दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत में मानसूनी बादलों का प्रदर्शन काफी अच्छा रहा है।
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केरल और कर्नाटक: इन दोनों राज्यों में मानसून पूरी तरह से सक्रिय है। विशेषकर तटीय कर्नाटक और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक के इलाकों में भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है।
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बेंगलुरु: भारत की आईटी सिटी बेंगलुरु का मौसम सुहावना बना रहेगा। यहां आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे और हल्की बारिश होने की उम्मीद है। अधिकतम तापमान 28-30°C और न्यूनतम 20-22°C के बीच रहने से मौसम आरामदायक लेकिन थोड़ा नम (Humid) रहेगा।
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चेन्नई और हैदराबाद: इन शहरों में मौसम थोड़ा गर्म और उमस भरा रह सकता है। हालांकि, दोपहर बाद हल्की बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने की उम्मीद है। तापमान 33 से 37 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा।
हिमालयी क्षेत्र: पहाड़ों पर कैसा रहेगा मौसम?
जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले पहाड़ी इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और कुछ स्थानों पर हल्की बर्फबारी होने की भी संभावना है। वहीं, इन राज्यों के निचले और मैदानी क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ मौसम सुहावना बना रहेगा। पर्यटकों को मौसम के अपडेट्स देखकर ही यात्रा की योजना बनानी चाहिए।
मौसम विभाग की समग्र सलाह (Health & Safety Advisory)
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लू से बचाव: उत्तर भारत के लोग भीषण गर्मी और लू से बचने के लिए खुद को हाइड्रेटेड रखें। पर्याप्त मात्रा में पानी, नींबू पानी या ओआरएस (ORS) पिएं और दोपहर के समय कड़ी धूप में घर से बाहर निकलने से बचें।
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बाढ़ और जलभराव: पूर्वोत्तर राज्यों और पश्चिमी तट (विशेषकर मुंबई और कोंकण) के निवासी भारी बारिश के कारण होने वाले जलभराव, बाढ़ और यातायात व्यवधान के प्रति सतर्क रहें। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने से फिलहाल बचें।
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किसानों के लिए अलर्ट: किसान भाई अपने कृषि कार्यों और फसलों की सुरक्षा की योजना बनाने के लिए मौसम विभाग के ताजा अपडेट्स से लगातार जुड़े रहें।
Disclaimer (अस्वीकरण): इस लेख में प्रस्तुत की गई मौसम की जानकारी भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की आधिकारिक वेबसाइट और अन्य प्रामाणिक न्यूज़ पोर्टल्स के सामान्य पूर्वानुमानों पर आधारित है। भौगोलिक परिस्थितियों के कारण स्थानीय मौसम की स्थिति में अचानक बदलाव संभव है। किसी भी यात्रा की योजना बनाने या कृषि संबंधित महत्वपूर्ण निर्णय लेने से पहले कृपया IMD की आधिकारिक वेबसाइट (mausam.imd.gov.in) या उनके मोबाइल एप्लिकेशन पर अपने क्षेत्र का नवीनतम अपडेट अवश्य जांच लें। यह खबर केवल जनहित और सामान्य सूचना के उद्देश्य से प्रकाशित की गई है।
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