जयपुर में 29वें राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस सम्मेलन का कल से आगाज, सीएम भजनलाल शर्मा करेंगे शुभारंभ
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 'मिनिमम गवर्नमेंट, मैक्सिमम गवर्नेंस' के विजन को साकार करने की दिशा में जयपुर में एक बड़ा राष्ट्रीय मंथन होने जा रहा है। 1 और 2 जुलाई 2026 को जयपुर के राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर (RIC) में 29वीं राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस कॉन्फ्रेंस (NCeG) का आयोजन किया जा रहा है।
मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास ने प्रेस वार्ता में बताया कि यह सम्मेलन डिजिटल सुशासन, जवाबदेही और पारदर्शिता को बढ़ाने में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। इस वर्ष सम्मेलन की थीम 'विकसित भारत 2047: एआई सक्षम, डेटा संचालित एवं सुरक्षित डिजिटल गवर्नेंस' रखी गई है। इसका आयोजन केन्द्रीय प्रशासनिक सुधार एवं लोक शिकायत विभाग, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय और राजस्थान सरकार के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री करेंगे उद्घाटन, जनउपयोगी डिजिटल सेवाओं का होगा लोकार्पण
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उद्घाटन समारोह (1 जुलाई): मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा बुधवार को इस दो दिवसीय कॉन्फ्रेंस का भव्य शुभारंभ करेंगे। इस अवसर पर सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ भी मौजूद रहेंगे। समारोह में एनसीईजी प्रदर्शनी के साथ प्रदेश की विभिन्न नई जनउपयोगी डिजिटल सेवाओं की शुरुआत भी की जाएगी।
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समापन व पुरस्कार वितरण (2 जुलाई): गुरुवार को समापन समारोह में केन्द्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे। इस दौरान डिजिटल सुशासन में उत्कृष्ट कार्य करने वाले संस्थानों को 16 राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस पुरस्कार (स्वर्ण एवं रजत) तथा एक विशेष जूरी पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा।
2700 प्रतिनिधि और 1100 स्टार्टअप्स का महाकुंभ
इस विशाल राष्ट्रीय सम्मेलन में डिजिटल प्रशासनिक व्यवस्थाओं का भविष्य तय करने के लिए देश-विदेश के दिग्गज जुटेंगे:
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2,700 से अधिक प्रतिनिधि और 200 से अधिक वक्ता
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भारत सरकार और विभिन्न राज्यों के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी
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400 से अधिक शिक्षाविद और शोधकर्ता
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1,100 से अधिक स्टार्टअप्स एवं उद्यमी
42 स्टॉल्स पर दिखेगा राजस्थान का डिजिटल दम
परिसर में 42 से अधिक प्रदर्शनी स्टॉल्स लगाए जाएंगे। यहां केंद्र और अन्य राज्यों के नवाचारों के अलावा राजस्थान सरकार के प्रमुख डिजिटल प्रोजेक्ट्स जैसे जन आधार, ई-मित्र, राजस्थान संपर्क-181, राजकाज, राज किसान साथी और स्टेट डेटा सेंटर की उपलब्धियों को राष्ट्रीय मंच पर प्रदर्शित किया जाएगा।
एआई बिल्डर्स पिच-ए-थॉन में स्टार्टअप्स को मिलेगा मौका
सम्मेलन के तहत आईएसबी (ISB) हैदराबाद के सहयोग से 'राजस्थान एआई बिल्डर्स पिच-ए-थॉन' का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें 1,700 स्टार्टअप्स ने पंजीकरण कराया है। शीर्ष तीन स्टार्टअप्स को क्रमशः 1 लाख, 50 हजार और 25 हजार रुपये का नकद पुरस्कार दिया जाएगा। साथ ही चयनित स्टार्टअप्स को आईएसबी हैदराबाद की विशेष मेंटरशिप भी मिलेगी। इस आयोजन में 'नैसकॉम' नॉलेज पार्टनर की भूमिका निभा रहा है।
12 महत्वपूर्ण सत्रों में होगा भविष्य का मंथन
पूरे सम्मेलन को 6 प्लेनरी (मुख्य) और 6 ब्रेकआउट सत्रों में बांटा गया है। इन सत्रों में निम्नलिखित अहम विषयों पर चर्चा होगी:
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आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित गवर्नेंस और स्मार्ट पुलिसिंग
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सुरक्षित डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और पब्लिक सेफ्टी
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डेटा आधारित निर्णय प्रणाली (डेटा-ड्रिवन डिसीजन)
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वॉयस-फर्स्ट सॉल्यूशंस से डिजिटल डिवाइड को पाटना
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डीप टेक एवं क्वांटम आधारित डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन
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स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए डिजिटल हस्तक्षेप
निष्कर्ष: 29वां राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस सम्मेलन केंद्र, राज्य सरकारों, उद्योग जगत और अकादमिक संस्थानों के बीच एक मजबूत सेतु का काम करेगा। एआई, डीप टेक और डेटा संचालित तकनीक के माध्यम से पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित शासन व्यवस्था बनाने में यह सम्मेलन 'विकसित भारत 2047' के लक्ष्य की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा।
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