360 गांव किसान महापंचायत में कथित जातिसूचक टिप्पणी पर विवाद, जाटव समाज ने की कानूनी कार्रवाई की मांग
हिण्डौन सिटी (करौली): करौली जिले के हिण्डौन सिटी में आयोजित 360 गांव किसान महापंचायत के दौरान कथित रूप से जाटव समाज के खिलाफ आपत्तिजनक और जातिसूचक शब्दों के प्रयोग का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद जिला जाटव समाज सुधार समिति ने पुलिस प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर संबंधित वक्ता के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
समिति की ओर से दिए गए ज्ञापन में बताया गया कि 18 जून 2026 को देवलेन मोड़, हिण्डौन सिटी में आयोजित 360 गांव किसान महापंचायत के दौरान एक वक्ता ने अपने संबोधन में अनुसूचित जाति वर्ग में शामिल जाटव समाज के प्रति कथित रूप से अपमानजनक और असंवैधानिक शब्दों का प्रयोग किया।
समाज में आक्रोश, भावनाएं आहत होने का दावा
ज्ञापन में कहा गया है कि सार्वजनिक मंच से किसी भी समुदाय के लिए जातिसूचक शब्दों का प्रयोग सामाजिक सौहार्द को नुकसान पहुंचाता है और समाज में वैमनस्य फैलाने का कार्य करता है। समिति का आरोप है कि इस बयान से जाटव समाज की भावनाएं गंभीर रूप से आहत हुई हैं और लोगों में भारी नाराजगी है।
अर्जुन महर का सोशल मीडिया पोस्ट
इस मामले को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता अर्जुन महर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट साझा करते हुए तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने लिखा:
"आख़िर ये शख़्स कौन है जो विधायक अनिता जाटव जी की उपस्थिति में हमें गाली दे रहा है। नफ़रत का ज़हर फैलाने वाले और हाईकोर्ट के आदेश की अवमानना करने वालों को बताओ कि करौली, हिण्डौन और भरतपुर में आज के समय में कोई भी 'चमार' जाति नहीं रहती है।"
उन्होंने आगे कहा कि,
"जिस शब्द का इस्तेमाल मंच से किया गया है, वह अपमानजनक रूप से गाली के तौर पर प्रयोग किया जाता है, जो बैरवा, जाटव, मेघवाल, रैगर आदि समुदायों के लिए इस्तेमाल किया जाता है।"
अर्जुन महर ने राजस्थान पुलिस और करौली पुलिस से कार्रवाई की मांग करते हुए कहा,
"जिस व्यक्ति ने अनुसूचित जाति (SC) समुदाय के लिए आपत्तिजनक शब्द का इस्तेमाल किया है, उसके खिलाफ एससी-एसटी एक्ट सहित अन्य उपयुक्त धाराओं में एफआईआर दर्ज कर तत्काल गिरफ्तारी की जाए।"
आख़िर ये शख़्स कौन है जो विधायक अनिता जाटव जी की उपस्थिति में हमे गाली दे रहा है. नफ़रत का ज़हर फैलाने वाले और हाईकोर्ट के आदेश की अवमानना करने वालों को बताओ कि करौली, हिंडौन ,भरतपुर में आज के समय में कोई भी "चमार" जाति नहीं रहती है.
— 🏹 Arjun Mehar | अर्जुन महर ☭ (@Arjun_Mehar) June 19, 2026
जिस शब्द का इस्तेमाल मंच से किया गया है वो… pic.twitter.com/ISfIN262yL
निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग
जिला जाटव समाज सुधार समिति ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि कार्यक्रम के वीडियो, ऑडियो और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की जांच कर संबंधित वक्ता की पहचान की जाए और उसके खिलाफ प्रचलित कानूनी प्रावधानों के तहत कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
दो अलग-अलग अधिकारियों को सौंपा गया ज्ञापन
समिति की ओर से यह ज्ञापन थानाधिकारी, नई मंडी हिण्डौन सिटी और पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी), हिण्डौन सिटी को संबोधित किया गया है।
हरिओम ठेकेदार ने की कार्रवाई की अपील
ज्ञापन पर जिला जाटव समाज सुधार समिति के युवा अध्यक्ष हरिओम ठेकेदार के हस्ताक्षर हैं। उन्होंने प्रशासन से त्वरित कार्रवाई कर भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने की मांग की है।
टिप्पणियां (0)
अपनी राय दें