मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का पाली दौरा: नेतरा के ग्रामीण सेवा शिविर में बांटे पट्टे, सुनी आमजन की समस्याएं
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शनिवार, 20 जून को पाली जिले के सुमेरपुर का दौरा किया। यहां उन्होंने राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय नेतरा में आयोजित 'ग्रामीण सेवा शिविर' का निरीक्षण किया। इस दौरान सीएम ने विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा लगाई गई स्टॉल्स का जायजा लिया और वहां मौजूद लाभार्थियों से सीधा संवाद कर व्यवस्थाओं का फीडबैक प्राप्त किया।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार प्रदेश के हर वर्ग—किसान, मजदूर, गरीब, महिलाएं और दिव्यांगों—तक सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। आमजन को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, इसी उद्देश्य से पूरे राज्य में ग्रामीण और शहरी स्तर पर इन सेवा शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इन कैंपों के माध्यम से वंचितों को उनके अधिकार और योजनाओं का लाभ मौके पर ही सुनिश्चित किया जा रहा है।
दस्तावेजों की त्रुटियां दूर होने से किसानों को राहत
शिविर में दस्तावेजों के शुद्धिकरण (करेक्शन) पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसका जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने एक उदाहरण साझा किया। उन्होंने बताया कि एक किसान का नाम जमीन की जमाबंदी में 'ओट सिंह' दर्ज था, जबकि उनके शैक्षणिक और अन्य दस्तावेजों में नाम 'अर्जुन सिंह' था। इस छोटी सी विसंगति के कारण किसान को 'पीएम किसान सम्मान निधि' का लाभ नहीं मिल पा रहा था। शिविर के जरिए उनके नाम का शुद्धिकरण कर दिया गया है, जिससे अब उन्हें इस योजना का आर्थिक लाभ निर्बाध रूप से मिल सकेगा।
मौके पर हो रहे ये महत्वपूर्ण कार्य
इन शिविरों में आम लोगों के कई अटके हुए काम आसानी से पूरे किए जा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार, जमीन का नामांतरण, रास्तों के विवादों का निपटारा, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) से जुड़े मामले और पेंशन का भौतिक सत्यापन जैसे कार्य मौके पर ही हो रहे हैं।
इसके अलावा, कृषि विभाग द्वारा किसानों को मिट्टी परीक्षण की सुविधा, बीज के मिनीकिट और फलदार पौधों की पौध मुफ्त उपलब्ध कराई जा रही है। चिकित्सा और पशुपालन विभाग भी लोगों और उनके पशुओं के स्वास्थ्य की जांच कर इलाज मुहैया करा रहे हैं। सीएम ने स्थानीय लोगों से अपील की कि वे ज्यादा से ज्यादा संख्या में आकर इन शिविरों का फायदा उठाएं।
जरूरतमंदों को मौके पर सौंपे गए पट्टे
अपने दौरे के दौरान मुख्यमंत्री शर्मा ने शिविर में चिन्हित पात्र और जरूरतमंद लोगों को आवासीय पट्टे भी वितरित किए। उन्होंने विमुक्त, घुमंतु और अर्द्ध-घुमंतु श्रेणी से आने वाले हजाराम, भैराराम और मांगीलाल को पट्टे सौंपे। इसके अलावा, अजु देवी को उनके पुराने मकान के विनियमितीकरण (रेगुलराइजेशन) और कपूराराम को रियायती दर पर पट्टा आवंटन का प्रमाण-पत्र दिया गया।
निष्कर्ष: मुख्यमंत्री का यह दौरा इस बात को रेखांकित करता है कि प्रशासन अब सीधे जनता के द्वार पहुंच रहा है। इस अहम कार्यक्रम में पशुपालन एवं डेयरी मंत्री जोराराम कुमावत, नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) झाबर सिंह खर्रा, सांसद मदन राठौड़, विधायक पुष्पेन्द्र सिंह और केसाराम चौधरी समेत कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी और भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
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